कुसमुंडा क्षेत्र में पार्षद आज करेंगे आंदोलन, एसईसीएल प्रबंधन को घेराव की चेतावनी‎‎

कुसमुंडा | नगर पालिका परिषद बांकीमोंगरा के पार्षदों ने एसईसीएल कुसमुंडा प्रबंधन के खिलाफ आंदोलन का ऐलान किया है। पार्षदों का आरोप है कि पूर्व में त्रिपक्षीय वार्ता के लिए पत्र सौंपे जाने के बावजूद प्रबंधन की ओर से अब तक सकारात्मक पहल नहीं की गई। इसे लेकर पार्षदों और ग्रामीणों में नाराजगी है।‎‎

पार्षदों ने एरिया महाप्रबंधक के नाम ज्ञापन सौंपते हुए आज कुसमुंडा एरिया मुख्यालय एवं खदान क्षेत्र में अनिश्चितकालीन घेराव और तालाबंदी की चेतावनी दी है। ज्ञापन में वार्ड क्रमांक 28 के पार्षद श्रवण कुमार यादव, वार्ड 27 के पार्षद इंद्रजीत बिंझवार, वार्ड 24 के पार्षद राजकुमार कंवर और वार्ड 26 के पार्षद प्यारे लाल दिवाकर के हस्ताक्षर बताए गए हैं।‎‎

ज्ञापन के अनुसार, बीते 4 सितंबर को अस्थायी रोजगार और ग्रामवासियों से जुड़े मुद्दों को लेकर त्रिपक्षीय वार्ता के लिए पत्र सौंपा गया था। पार्षदों का कहना है कि इस पर सकारात्मक पहल नहीं होने के कारण उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ रहा है।‎‎

पार्षदों ने गोवरा बस्ती के भू-अधिग्रहण और प्रभावित परिवारों के लंबित रोजगार, मुआवजा एवं बसाहट का मुद्दा भी उठाया है। उनका कहना है कि गोवरा बस्ती का भूमि अधिग्रहण वर्ष 2014 में हो चुका है, लेकिन करीब 12 वर्ष बीतने के बाद भी प्रभावित परिवारों को रोजगार, मुआवजा और बसाहट का लाभ नहीं मिल पाया है।‎‎

ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि वर्तमान में एसईसीएल कुसमुंडा क्षेत्र में केएनआर कंपनी द्वारा कार्य किया जा रहा है, जहां विभिन्न पदों पर रोजगार के अवसर उपलब्ध हैं। पार्षदों ने स्थानीय योग्य एवं बेरोजगार युवाओं को इन अवसरों में प्राथमिकता देने की मांग की है।‎‎

इसके अलावा एसईसीएल प्रबंधन, केएनआर कंपनी के जीएम तथा गोवरा बस्ती के प्रभावितों और पार्षदों के बीच त्रिपक्षीय वार्ता आयोजित करने की मांग की गई है, ताकि रोजगार, लंबित रोजगार, मुआवजा और बसाहट से जुड़े मामलों पर उचित निर्णय लिया जा सके।‎‎

पार्षदों ने कहा है कि यदि प्रबंधन की ओर से सकारात्मक पहल नहीं की जाती है तो आज आंदोलन किया जाएगा। आंदोलन के दौरान खदान घेराव एवं तालाबंदी की चेतावनी भी दी गई है।‎

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!