
कोरबा | राताखार के गेरवाघाट नदी में बरसात के दौरान रेत उत्खनन और परिवहन पर प्रतिबंध के बावजूद अवैध रेत निकासी का मामला लगातार सामने आ रहा है। एक ओर जनप्रतिनिधि विरोध जता रहे हैं, दूसरी ओर इस मामले को लेकर लगातार समाचार प्रकाशित हो रहे हैं। कलेक्टर जनदर्शन में भी शिकायत की जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद गेरवाघाट में रेत निकासी पर रोक नहीं लगने से प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं।
इसी बीच, रिपोर्टर ने गेरवाघाट नदी से रेत लेकर आ रहे एक ट्रैक्टर चालक से पूछताछ की। चालक ने ट्रैक्टर और रेत का मालिक प्रमोद अग्रवाल को बताया। साथ ही उसने यह भी कहा कि वह गेरवाघाट नदी से ही रेत लेकर आ रहा है। चालक के इस बयान के बाद नदी से हो रही रेत निकासी का मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
सवाल यह है कि जब प्रतिबंध के बावजूद रेत निकासी के आरोप सामने आ रहे हैं, जनप्रतिनिधि विरोध कर रहे हैं और कलेक्टर जनदर्शन तक शिकायत पहुंच चुकी है, तो आखिर जिम्मेदार विभाग कार्रवाई कब करेंगे? क्या गेरवाघाट में चल रही कथित अवैध रेत निकासी पर रोक लगेगी या शिकायतों और विरोध के बावजूद यह सिलसिला जारी रहेगा?
अब निगाहें जिला प्रशासन और खनिज विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं।



